ATM का फुल फॉर्म क्या है? What is Full Form Of ATM?

 

ATM का Full Form क्या है और उसका पूरा नाम क्या है?

ATm ka full form

ATM का फुल फॉर्म होता है “Automated Teller Machine“.

यदि इसकी हम विश्लेसन करें तब हम पाएंगे,
A – Automated
T – Teller
M – Machine

ATM क्या है? What is ATM?

ATM एक electronic telecommunications device है जिसका उपयोग पैसो की लेनदेन जैसे कि नकद निकासी, जमा, Fund Transfer और अन्य बैंक से संबंधित किसी भी समय लेनदेन के लिए किया जाता है.

 

एटीएम का फुल फॉर्म हिंदी में क्या है? (Full form of ATM in Hindi)

चलिए अब जानते हैं की ATM का Full Form हिंदी में क्या होता है.

  • ए – स्वचालित
  • टी – टेलर
  • म – मशीन

 

ATM के Parts क्या हैं?

ATM में दो प्रकार के उपकरण होते हैं

1. Input Device
2. Output Device

Input Device

Keypad  Button: Keypad  Button आपको PIN , OTP जैसे विवरण, आप कितना पैसा अपने अकाउंट से निकालना चाहते हैं और अन्य सुविधाओं जैसे cancel, clear, enter, आदि का Input करने की अनुमति देता है.

Card Reader: ATM Card के Data को पढ़ता है जो आपके ATM Card के पीछे की तरफ रखी Black Magnetic Strip होती है और इसे Verification के लिए Server पर भेजता है. खाते की जानकारी और User Service से प्राप्त आदेशों के आधार पर नकद निकालने की प्रक्रिया को पूरा करता है।

Output Device

Cash dispenser : यह एटीएम के सबसे महत्वपूर्ण आउटपुट डिवाइसों में से एक है. इसका उपयोग पैसो को निकालने के लिए किया जाता है.

Receipt print : यह आपके Banking से संबंधित एक रसीद प्रदान करता है जिसमें निकासी राशि, शेष राशि, दिनांक, समय, स्थान आदि शामिल होते हैं

Front Screen: इसका उपयोग खाता संबंधी जानकारी को देखने के लिए किया जाता है और आपको लेनदेन करने के लिए सफलतापूर्वक पूरा करने के लिए आपको जिन कार्यों को करने की आवश्यकता होती है. वो सब आपको स्क्रीन पर भी धिक्ता रहता है।

ATM Speaker: अधिकांश ATM में स्पीकर उपलब्ध होते हैं. जब आप अपने लेन-देन करते हैं तो यह Audio Feedback प्रदान करने के लिए प्रदान किया जाता है.

ATM कैसे काम करता है?

ATM एक ऐसी ामचीने है जिसे शुरू करने के लिए, आपको एटीएम मशीनों के अंदर एटीएम कार्ड डालने होंगे. कुछ मशीनों में आपको अपने कार्ड अंदर डालने पड़ते हैं, कुछ मशीनें कार्ड स्वैप करने की अनुमति देती हैं. जैसा कि मैं पहले ही बता चुका हूं इन ATM Card में एक Black Magnetic Stripe होती है  जो आपके Account का विवरण और अन्य सुरक्षा जानकारी होती है. उसके बाद वह आपका पिन नंबर मांगता है जिससे सफल ऑथेंटिकेशन प्रक्रिया के बाद, मशीन Transaction की अनुमति देता है.

ATM के बारे में रोचक तथ्य

भारत में पहला एटीएम 1987 में HSBC (हांगकांग और शंघाई बैंकिंग कॉर्पोरेशन) द्वारा स्थापित है।

दुनिया का पहला एटीएम : यह 27 जून 1967 को लंदन के Barclays Bank में स्थापित किया गया था।

ATM का उपयोग करने वाला पहला प्रसिद्ध कॉमेडी अभिनेता रेग वर्नी ATM से Cash निकालने वाले पहले व्यक्ति थे.

ATM का आविष्कार जॉन शेफर्ड बैरोन ने किया था।

दुनिया का पहला Floating ATM भारतीय स्टेट बैंक (केरल) है।

पहले 6 नंबर वाला पिन use होता था जो आज की दिनों कोटक बैंक द्वारा दिया जाता है।

Types Of ATM (ATM के प्रकार)

Visa ATM : हर जगह use होने वाला एटीएम इंडिया या बहार के देसो में और Online moviesDownload या देखने में ज़्यदातर use होता है।

MASTER ATM : हर Bank में आसानी से लेनदेन के लिए प्रदान किया जाता है।

Pink Label ATM : यकेवल महिलाओं के लिए प्रदान किए जाते हैं।

Green Label ATM : कृषि लेनदेन के लिए प्रदान किए जाते हैं।

आज आपने ATM के बारे में जाना के ATM होता क्या है और उसकी Full Form क्या है?

मुझे उम्मीद है की आपको मेरा ये पोस्ट एटीएम का फुल फॉर्म क्या है जरुर पसंद आया होगा. मेरा उद्देशय हमेसा से यह है की में लोगो तक सही जवाब पहुँचता राहु जिससे उनकी समय की बचत हो और एक ही जगह में उन्हें सारी information भी मिल जायेंगे. यदि आपके मन में इस post को लेकर कोई भी सवाल हैं या आप चाहते हैं की इसमें कुछ सुधार होनी चाहिए तब इसके लिए आप निचे comments में हमसे बात कर सकते है।

 

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